श्याम तू क्या जाने,
खड़ा है कोने में एक दास,
हम शरण तेरी आए है,
झुकाने को ये सर,
जो हारा सो पुकारा रे,
पुकारा रे कन्हैया,
खाटू वाले खाटू वाले,
मेरी मां की चुनरिया सितारों जड़ी। इसे हर पल निहारु घड़ी हर घड़ी।
रंग दे चुनरिया ओ गिरधारी
तोरा मन दर्पण कहलाए,
मेरा दिल तो दीवाना हो गया मुरली बाले तेरा।
में वन का मोर बन जाऊं,और गाऊं राधे राधे।
Bhole baba se milna aasan nahi,thoda kasht uthana padta hai,
आजा आजा आजा
आजा मेरे मोहन प्यारे
टूटे दिल की आस पुकारे
आजा आजा मेरे मोहन प्यारे।
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