आएगा आएगा आएगा,
लीले चढ़ सावरा आएगा
ग्यारस के दिन जो जपता,राधे राधे नाम है।
तेरा दीवाना हुआ बनवारी, सुन तुलसा प्यारी महारानी।
यह तो बता दो बरसाने वारी, मैं कैसे तुम्हारी लगन छोड़ दूंगा
वह तो अंदर से समझा रहा है हमें, हम समझना ना चाहे तो वह क्या करें
ये सारे खेल तुम्हारे है,जग कहता खेल नसीबों का,
श्याम मुझे छोटी सी गीता मंगवा दो,
करके सोलह श्रृंगार, के भोला बन गये नर से नार
सांवरियो आड़े आवेगो,
सांवरे की महफिल लगे खाटू में,
ग्यारस पे खाटू में आकर तो देखो,
You must be logged in to post a comment.