मुझे और जगत से क्या लेना,राधा रानी के चरण प्यारे प्यारे
Author: Pushpanjali
सांवरिया सेठ दे दे,
मंडफिया रा मालिक दे दे।
मेरे घर आना सांवरिया, तुझे जाने न दूंगी
तुम आइयो गोपाल,मोहे लेने तुम आइयो
जाटनी खाटू न चाली।जाटनी खाटू न चाली।
नरम नरम लायी घाल, गरम कान्हा माखन रोट
ओढ़ के चुनरिया लाल, मां नाचूं तेरे अंगना में
आओ स्वागत करें अंबे मां का,अंबे दौड़ी चली आ रही है।
चुनरिया मेरी ऐसी रंगदो रंगरेज,
जो धोए से होय ना सफेद।
सीता राम सीता राम, सीता राम बोल
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