बधाई हो बधाई मैं तो ढोलक चिमटा लाई,
दुनिया की बातो पर न ध्यान दिया कीजे।
हरि का नाम सुमर प्यारे या नईया पार हो ज्यागी।
मैं देखु जिस और सखी री,
सामने मेरे सांवरिया,
हरे तीन पतों मे क्या बल है जिसमे भोला मगन है,
तेरे रंग में रंग गई सांवरे मैंने छोड़ दिया घर वार
नौकर रख ले सांवरे।
कितनी सुहानी आई घड़ी है,
मेरे सखा की लगन चढ़ी है,
मैया ब्याह मेरो करवाई दे, मरघट माथे से लगवाई दे अपने प्यार की।
जमुना किनारे मेरो गाँव,
साँवरे आ जइयो, आ जइयो,
मां अंजनी के लाल तूं,करता कमाल है
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