आये हैं गणेश जी सज धज के,
नाचेंगे हम भी रज रज के,
द्वारे खड़ा है बढ़िया पालना ले लो यशोदा मैया।
बल्ले बल्ले ओ ठाकुरा नू धन्ना लै गया,
मेरे मथे ते लिख दे नाम अपना,
फिर कब हरि से हेत लगावैगौ, तेरी बीती जाय उमरिया।
शेंदुर लाल चढ़ायो अच्छा गजमुखको।
लाल चुनरिया मैया के ऐसे रंगवांऊंगी।
शबरी मगन है राम भजन में
राम दरस की आस है मन में
मुट्ठी बाँध के आया जग में खाली हाथों जायेगा
मोरी मैया की चुनर उड़ी जाये।
You must be logged in to post a comment.