प्रीत में पूजे नाम तुम्हारा गणपति जगत खिवैयाँ
मां तिजोरी भर दे,
थोड़े से ना काम चले अलमारी भर दे।
लाल फूलों की आई है बहार मैया तेरे मंदिर में।
धन्य हो रहीं देखकर आखियाँ बारंबार,
जिस नैया के श्याम धणी हो खुद ही खेवनहार,
जिस नैया का श्याम खिवैया वो नैया भला क्यूं डूबे।
मैं चढ़दी जावा माँ तेरियां पहाड़िया,
ये दिल तेरा दीवाना मैं हो गई श्याम दीवानी,
मेरे मन की कामना पूरण करो बम बम भोलेनाथ शंकर भोलेनाथ ।
जगदम्बे अरज मेरी सुन लीजिए महारानी अरज मेरी सुन लीजिए ।
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