लाल फूलों की आई है बहार मैया तेरे मंदिर मे।
सालासर धाम की है ऐसी हस्ती,
हे लंकेश सुन संदेश,मैं हु वाली पुत्र अंगद,
तुमको एक चिठ्ठी में लिख रहा हूं। चिठ्ठी का फौरन जवाब चाहिए
राधा का नाम हमे निराला मिला है
सिया हौले हौले चले ससुराल गलियां
गोरा पूजा करे दिन-रात डमरू के बजाने वाले
मेलो आयो रे मेरा सांवरिया सरकार को
सुनो सुनो वचन नर नारी।
थारी नगरी में सांवरिया नाचू दोनु आख्या मीच
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