तर्ज,लेके पहला पहला प्यार
मैया कुछ ना कुछ तो बोल मैया अब तो पलका खोल,मैया कईयां रूस्या थे मैया बोलो जी।
ऐसी काई बात हुई जो, बोला ना बतलाओ। देख तेरा टाबरिया उभ्या, पलका तो उठाओ। पहेलयां रख दो सिर पर हाथ, पाछे करसयां सारी बात ।मैया कईयां….
आपस की है बात ए मैया, मतना बात बढ़ाओ। सोच समझकर काम करो मां, मतना लोग हंसाओ। मैया गलती कर दे माफ, करले अपने दिलने साफ ।मैया कईयां…
कई दिनोंसे सोचूं पर एक, बात समझ नहीं आवे।छोटी-छोटी बातों पर के माता यू तरसावे। मैया महे तो थारा लाल, पूछा छोटो सो सवाल। मैया कईयां…