वो काली कमली वाला मेरा यार चाहिये।
गजानंद नाव मेरी पड़ी मजधार है,
दिख रहा जितना भी यह संसार है, यह सब राधारानी का परिवार है।
जब शरण गुरु की मिल जाएगी हर मुश्किल हल हों जाएगी,
अरे रे मैं तो फैन श्री जी को। बिकानों म्हारो मेन श्रीजी को।
बनडो सो बन बैठयो श्याम प्यारो लागे है।
चंदा चकोर मोरा चंदा चकोर। कहां चले भोला पर्वत की ओर
दुःख बहुत बड़े सरकार, पड़े हम हाल से हुए बेहाल,
जरा जल्दी से आजा सांवरिया , तेरी भक्ति की ओढी चुनरिया।
कण कण में ॐ समाया है, प्रभु कैसी तुम्हारी माया है
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