मैं दास उसी का हूँ मेरा मालिक है शिवाय,
तू दूर न होना शंभू,
मैं किसी और का होना पाऊँगा
पिया हमके करन दर्शनवा, बरसेला सावनवा ना।
वीरा म्हारा भात भरण ने आया। वीरा म्हारा मायरो भरण ने आया।
सासरियो रे आंगणिये में बाई हरख मनावे हैं
आया आया आया रे, नया जमाना आया रे ।
बीरा थारी चुनडली रा,चटका है दिन चार,पुराणी पड़गी चुनड़ी
राम गुण गावो ए भई रे,
हरी गुण गावो रे भाई,
थारा सु मनड़ो लागो रे,गोकुल रा भोळा कान्ह
केसर घोटो कुमकुम पत्री मोकलो।
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