हृदय आनन्द भर बोलो-बधाई है, बधाई है।
कोई आजा आजा जामन जाया बीर सुगना बाई रे सासरिए,
भक्तों को दर्शन दे गयो रे लंबी सूंड वाले।
घुंघरू छम छमा छम बाजे रे,महा काली के साथ में भेरू जी नांचे रे
छोड़ो छोड़ो ये घर का झमेला,आया गणपति का मेला
मात पिता की सेवा कर ले कर ले रे नादान।
मोहन को मुरलिया प्यारी है ,मुरली से प्यारा कोई नहीं।
मेरे श्याम तेरे नाम, का ही डंका बाजे रे।
तांडव गति मुंडन पे नाचत गिरिधारी,
हो गौरा तेरा लाल बड़ा प्यारा लगे।
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