भोले तेरी जटा में, बहती है गंग धारा,
वृंदावन दे अजब नजारे पावांगे,
कोई जावे ना जावे आपा जावागे….
गणपति मेरे गणपति जग के पालनहार तुम,
मुझे उज्जैन में मर जाने दो
रोम रोम में रम रहा,
कण कण में तू बस रहा,
मस्ती में रहते मेरे भोले मस्ती में,
भोले मुझको ऐसा घर दो जिसमे तुम्हारा मंदिर हो,
मेरे भोले शम्भू मेरे केदारा,
महादेवा मेरी लाज रखना,
शम्भू महादेवा, शम्भू महादेवा,
फागणियो नेड़े आयो सा,
ओ साँवरा,
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