श्याम राधा दे द्वारे उते,
फूल बेचता,
Category: श्याम भजन लिरिक्स
ए मेरे साँवरे,
तू बता रास्ता,
मेरे मन में उठे उमंग फागुन आ गयो
झांकी बनी विशाल बांके गिरधर की।
रींगस से खाटू धाम चले हैं देखो श्याम के दीवाने।
खाटू दरबार निराला मुझको भी बुला ले सांवरिया।
भज मन श्याम, श्याम, श्याम, श्याम को भज ले।
मत ज्यादा तरसा सांवरे दर्श करा दे फागण में।
मेरा कढ के कालजा ले गया खाटू वाला जी।
मुझे खाटू वाले श्याम से ही प्यार हो गया।
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