भोला भगत महे तो, श्याम दरबार का।यो जग सारो भोला ने भूलावे है, भोला ही तो सांवरा ने भावे है।भोला ही तो सांवरा ने भावे है।
चतुराई चौपट कर जावे, ज्ञानी भंवर में गोता खावे।चतुराई चौपट कर जावे, ज्ञानी भंवर में गोता खावे। कर्म लौट के ओठा आवे। सीधा लोग सीधा दिल तक जावे है।भोला ही तो सांवरा ने भावे है।भोला ही तो सांवरा ने भावे है।
भटक गया जि महे तो जग गलियारे में। काई काई बोलूं बाबा,काई होयो म्हारे में।भटक गया जि महे तो जग गलियारे में। काई काई बोलूं बाबा,काई होयो म्हारे में। आधा सा हो गया मैं तो, माया के उजाले में। म्हारी माखी श्याम उड़ावे है।भोला ही तो सांवरा ने भावे है।भोला ही तो सांवरा ने भावे है।
जद भी श्याम के द्वारे जाओ। बहम ने छोड़कर बाहर आओ।जद भी श्याम के द्वारे जाओ। बहम ने छोड़कर बाहर आओ। बन के फकीरा श्याम रिझाओ। एक बहमि अहमियत गवावे है।भोला ही तो सांवरा ने भावे है।भोला ही तो सांवरा ने भावे है।
सुख में होश ना खोवा महे तो। दुख आगे ना रोवा महे तो।सुख में होश ना खोवा महे तो। दुख आगे ना रोवा महे तो। तानकर खूंटी सोवा महे तो। लोरिया भी श्याम सुनावे है।भोला ही तो सांवरा ने भावे है।भोला ही तो सांवरा ने भावे है।
भोला भगत महे तो, श्याम दरबार का।यो जग सारो भोला ने भूलावे है, भोला ही तो सांवरा ने भावे है।भोला ही तो सांवरा ने भावे है।