सखी उज्जैन नगरी प्यारी रे। और झूम रहे नर नारी रे ।आई बाबा महाकाल की सवारी रे।आई बाबा महाकाल की सवारी रे।आई बाबा महाकाल की सवारी रे।आई बाबा महाकाल की सवारी रे।आई बाबा महाकाल की सवारी रे।
कोई डम डम डमरू बजाए कोई बजाए झांज मजीरा। कोई जय महाकाल पुकारे, कोई मिटाए दरस से पीड़ा।कोई डम डम डमरू बजाए कोई बजाए झांज मजीरा। कोई जय महाकाल पुकारे, कोई मिटाए दरस से पीड़ा। सब झूमें महाकाल के पुजारी रे।सब झूमें महाकाल के पुजारी रे।आई बाबा महाकाल की सवारी रे।आई बाबा महाकाल की सवारी रे।आई बाबा महाकाल की सवारी रे।आई बाबा महाकाल की सवारी रे।
सर पे पगड़ी बांध के देखो, दूल्हा बन महाकाल है आए। फूल अत्तर से आज पालकी, महाकाल के भक्त सजाए।सर पे पगड़ी बांध के देखो, दूल्हा बन महाकाल है आए। फूल अत्तर से आज पालकी, महाकाल के भक्त सजाए। आज निकले भ्रमण भंडारी रे।आज निकले भ्रमण भंडारी रे।आई बाबा महाकाल की सवारी रे।आई बाबा महाकाल की सवारी रे।आई बाबा महाकाल की सवारी रे।आई बाबा महाकाल की सवारी रे।
सखी उज्जैन नगरी प्यारी रे। और झूम रहे नर नारी रे ।आई बाबा महाकाल की सवारी रे।आई बाबा महाकाल की सवारी रे।आई बाबा महाकाल की सवारी रे।आई बाबा महाकाल की सवारी रे।आई बाबा महाकाल की सवारी रे।