हर तकलीफ तुम जानते हो बस बाबा तुम हो अपने।खुली आंखों से तुम दिखते हो बंद आंखों में भी तेरे सपने। ओ राहों में में भटक जाऊं तो बस तेरा नाम ही याद आए।क्या लेना उसको दुनियां से जिसको प्यार बाबा श्याम से हो जाए।हो कब कब तेरा बाबा में दीवाना हो गया।श्यामा दर तेरे जबसे आना जाना हो गया। आंसूओ का ठिकाना अब रवाना हो गया। अरे में दीवाना में दीवाना हो गया।श्यामा दर तेरे जबसे आना जाना हो गया।
तुमने ही देखा केवल युद्ध वो सारा।कृष्ण के सुदर्शन ने सबको था मारा।तुमने ही देखा केवल युद्ध वो सारा।कृष्ण के सुदर्शन ने सबको था मारा।देवी हिद्दंभा से लिया तूने ज्ञान।पांच पांडवों का तोड़ा अभिमान।देखा नहीं मैंने कभी भी तुम जैसा बलशाली।एहसान कैसे चुकाऊं तुम्हारा जो जिंदगी मेरी सम्हाली।।हो कब कब तेरा बाबा में दीवाना हो गया।श्यामा दर तेरे जबसे आना जाना हो गया। आंसूओ का ठिकाना अब रवाना हो गया। अरे में दीवाना में दीवाना हो गया।श्यामा दर तेरे जबसे आना जाना हो गया।
मेरे आसुओं का तुम हो किनारा।तेरा साथ हो तो मुझ को सबकुछ गंवारा।तुम शरण में ही रखना मुझको अपनी गर भूल हो भी जाए मुझ से।तुम ही हो एक मेरा सहारा फेरना ना नजर कभी मुझसे।सबकुछ दिया बिन मांगे मुझे और मांगू भी में क्या तुझ से।देना भी तो मुझे तुम देना जन्मों का हो साथ तुम से।।हो कब कब तेरा बाबा में दीवाना हो गया।श्यामा दर तेरे जबसे आना जाना हो गया। आंसूओ का ठिकाना अब रवाना हो गया। अरे में दीवाना में दीवाना हो गया।श्यामा दर तेरे जबसे आना जाना हो गया।